स्पंज रसगुल्ले - Bengali Sponge Rasgulla Recipe

बंगाली रसगुल्ले ताजा छैना में अरारोट डालकर बनाये जाते हैं और बिना अरारोट डाले भी. अरारोट डालकर बने छैना रसगुल्ले थोड़े कम स्पंजी होते हैं, लेकिन स्वाद में बहुत जबर्दस्त. छैना में बिना अरारोट डाले बनाये गये रसगुल्ले अधिक स्पंजी होते हैं. आज हम बिना अरारोट डाले बंगाली स्पंज रसगुल्ले बनायेंगे लेकिन समय बचाने के लिये इन्हें कुकर के अन्दर उबाल कर बनायेंगे.
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आवश्यक सामग्री - Ingredients for Bengali Sponge Rasgulla
- दूध - 1 लीटर (5 कप, फुल क्रीम मिल्क)
- चीनी - 300 ग्राम (1. 5 कप)
- नीबू - 2 (रस निकाल लीजिये)
विधि - How to make Ingredients for Bengali Sponge Rasgulla
किसी बर्तन को थोड़ा पानी डालकर धो लीजिये और दूध डालकर गरम करने के लिये रखिये. दूध में उबाल आने पर दूध को आग से नीचे उतार लीजिये, और थोड़ा सा ठंडा कर लीजिये(दूध को 80 प्रतिशत तक गरम रहने दीजिये). नीबू के रस में जितना रस है, उतना ही पानी मिला दीजिये.
दूध में थोड़ा थोड़ा 1 - 1 टेबल स्पून करके नीबू का रस डालिये और मिक्स कीजिये, दूध के अच्छी तरह फटने तक नीबू का रस डालिये, और मिक्स करते जाइये, जैसे ही दूध अच्छी तरह फट जाय नीबू का रस डालना बन्द कर दीजिये, और फटे हुये दूध को किसी सूती, साफ कपड़े में छान लीजिये. कपड़े को छलनी के ऊपर बिछाइये और नीचे कोई बर्तन रख दीजिये, फटे हुये दूध को कपड़े के ऊपर डालिये. फटे दूध से निकला पानी, नीचे रखे बर्तन में आ जायेगा और छैना कपड़े में रह जायेगा. छैना के ऊपर 1-2 कप ठंडा पानी डालिये, छैना ठंडा भी हो जायेगा और छैना से नीबू का खट्टा स्वाद भी खतम हो जायेगा. कपड़े को चारों ओर से उठाकर, हाथ से छैना को दबाते हुये छैना से सारा पानी निचोड़ दीजिये. नरम नरम छैना बनकर तैयार है.
छैना को किसी प्लेट में निकालिये, हाथ और उंगलियों से छैना को दबाते हुये, पलट पलट कर 4-5 मिनिट तक मल मल कर नरम और चिकना कीजिये. नरम किये हुये छैना को 10 - 12, भागों में बांट लीजिये. एक भाग उठाइये और हाथ से लड्डू की तरह दबाकर पहले उसे बाइन्ड कीजिये, और अब गोल आकार देकर चिकना कीजिये. तैयार गोले को किसी प्लेट में लगा कर रखिये. सारे गोले बनाकर तैयार कर लीजिये.

रसगुल्ले कुकर में पका लीजिये, कुकर में रसगुल्ले बहुत जल्दी पक जाते हैं, क्यों कि खुले भगोने की अपेक्षा कुकर में तापमान अधिक हो जाता है, रसगुल्ले पकाने के लिये, ज्यादा तापमान की आवश्यकता होती है.
कुकर में चीनी और 4 कप पानी डालिये, उबाल आने दीजिये, उबाल आने पर छैना के बने गोले कुकर में एक एक करके डालिये, और कुकर का ढक्कन बन्द कर दीजिये. कुकर में 1 सीटी आने के बाद, आग मीडियम कर दिजिये, और रसगुल्ले को 7-8 मिनिट तक और पकने दीजिये, आग बन्द कर दीजिये.
किसी बर्तन में पानी ले लीजिये उसमें कुकर को रखकर, कुकर को ठंडा कीजिये या कुकर को नल के नीचे लगा दीजिये, ताकि वह जल्दी से ठंडा हो जाय और खुल जाय. सावधानी से ढक्कन खोलिये, कुकर से रसगुल्ले चाशनी के साथ निकाल कर किसी प्याले में रखिये और रसगुल्ले को ठंडे होने दीजिये, 5-6 घंटे के बाद रसगुल्ले अच्छे मीठे और बहुत ही स्वादिष्ट हो जाते हैं. ठंडे ठंडे स्पंज रसगुल्ले परोसिये और खाइये.
स्पंज रसगुल्ले (Ingredients for Bengali Sponge Rasgulla) को फ्रिज में रखकर 7 दिन तक खा सकते हैं.
सुझाव:
छैना बनाने के लिये दूध को थोड़ा ठंडा अवश्य करें. दूध में आधा कप पानी डालकर भी दूध तुरन्त ठंडा किया जा सकता है, एसा करने से छैना नरम बनता है, और इस छैना से बने रसगुल्ले अच्छे स्पंजी बनते हैं.
छैना अगर सख्त बनता तो रसगुल्ले तो सख्त हो जाते हैं या बिखर जाते हैं.
छैना के गोले अगर उबलते पानी में न डाले जायें तो बे टूट कर बिखर जाते हैं. रसगुल्ले उबालते समय पानी में हमेशा उबाल रहना आवश्यक है.
कमेंट (706)
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Mere rasgulle tight ho gye :(
M apko btati hu ki mujhe kha kha meri glti lgti h. Fir aap btana k kha sudhar krne ki jrurt h..
Ek to mene dudh nimbu se nhi fadda, vo apne aap fta tha, i mean 3-4 din phle ka dudh tha, dusra mene chhaina ko bahut jyada tightly nichodda tha to vo puri trh se dry ho gya tha, teesra mene market wale rasgulle ki chashni li thi to shayd pani thodda jyada dalna chahiye tha, gaddi chashni ki vjh se b tight ho skte h..
Ab aap btaiye ki kha or kya sudhar kiya jaaye ..
Fir m jldi hi dobara bnaungi..
Thank you :-)
निशा: योगिता जी, ताजा दूध से छैना ताजा बना कर लीजिये, छैना को आप अच्छा निचोड़े और मसल कर चिकना कीजिये, चाशनी प्रोपर तरीके से बनायें, आपको अपनी सारी गलतियां समझ आ रही है, ट्राई कीजिये आप अच्छे रसगुल्ले बना लेंगी.
निशा: पूनम जी, कभी कभी दूध देर से फटता है, अगर वह अच्छा नहीं फटा है तो 2-4 बूंद नीबू की और डाल सकते हैं, और थोड़ी देर 5- मिनिट छोड़ने से दूध पूरी तरह फट जाता है उसे छान कर छैना बना लीजिये.
निशा: भावना जी, छैना सोफ्ट हो और छैना के गोले उबलते सीरप में डालें, तेज आग पर पकने दीजिये, और सीरप कम होने पर उसमें थोड़ा थोड़ा करके पानी डालते जायें, सीरप कम होने से रसगुल्ले पूरी तरह नहीं फूलेंगे और कलर पीला हो जाता है.
निशा: निशा जी, सोफ्ट रसगुल्ला बनाने के लिये छैना सोफ्ट बनना चाहिये और छैना को मसल मसल कर अच्छा सोफ्ट करना होता है, छैना के गोले उबलते पानी में डालेंगे, बहुत अच्छे स्पंजी रसगुल्ले बनेंगे.
I am so happy to try ur recipe and special instructions about cooking. Thanks
निशा: ज्योत्सना जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
प्लीज बताये क्या कमी थी
निशा: आशिष जी, चाशनी कम होना और छैना आधिक होने से भी ऎसा होता है.
निशा: नीतू जी, यदि रसगुल्ले कम पके हों तो एसा हो सकता है.
निशा: सरोज जी, इसे रस में ही 8-10 घंटे डूबे रहने दीजिये, अब सर्व कीजिये और खाइये, और बचे हुये रसगुल्ले फ्रिज में रख लीजिये और एक सप्ताह तक खाइये.
निशा: रीत जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: रीत जी, छैना बनाते समय थोड़ा ध्यान रखें कि वह नरम बने, अच्छी तरह मसल कर चिकना करें और, गोले बनाकर चीनी के पानी में उबाल आने के बाद पकायें इस छैना से बने रसगुल्ले अच्छे स्पंजी बनते हैं. छैना अगर सख्त बनता तो रसगुल्ले तो सख्त हो जाते हैं.
निशा: आप बिना इन सब के भी आसानी से रसगुल्ले बना सकते हैं.
निशा: विनिता जी, रसगुल्ले के लिए कुक्रर में चाशनी इतनी हो कि वह अच्छी तरह डूब कर पक सकें, और रसगुल्ले कम पके होने पर बाद में चपटे हो जाते हैं.
निशा: प्रियंका जी, रसगुल्ले का नरम होना और अच्छा होना छैना पर निर्भर करता है. रसगुल्ले पहले फूले हैं और बाद में पिचक गये हैं, अगर आग कम हो सीरप में अच्छा उबाल न हो तब एसा हो सकता है और अगर रसगुल्ले बाद में ठंडे होने के बाद पिचके हैं तब कम पके होने पर एसा हो सकता है.
And spongy. I added few drops of Kewra in the syrup.Thanks
For explaining it v well on the Vedio.
निशा: रंजीत जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: अमित जी, छैना अगर सख्त बनता तो रसगुल्ले तो सख्त हो जाते हैं या बिखर जाते हैं.
निशा: सोफिया जी, आप ये रैसिपी बनाएं और अपने अनुभव हमारे साथ जरूर शेयर कीजिए, धन्यवाद.
Kindly suggest
निशा: सुशील जी, छैना अगर सख्त बनता तो रसगुल्ले तो सख्त हो जाते हैं या बिखर जाते हैं. छैना के गोले अगर उबलते पानी में न डाले जायें तो बे टूट कर बिखर जाते हैं. रसगुल्ले उबालते समय पानी में हमेशा उबाल रहना आवश्यक है.
निशा: आंचल जी, आप इसे भी उपयोग कर सकते हैं.
निशा: अंजली जी, मैं आपको यही कहूंगी कि आप इस रेसिपी के नीचे दिये हुये कमेन्ट पढ़े, आप पूरी तरह समझ जायेंगी कि कहां दिक्क्त आ रही है और ये रेसिपी में थोड़ी प्रेक्टिस भी करनी होती है, आप जरूर अच्छे छैना रसगुल्ले बनायेंगी.
निशा: बरखा जी, ज्यादा अरारोट डाल देने से भी ऎसा होता है.
निशा: पूनिया जी, आप दुबारा चाशनी किस चीज के लिये बना रहें ये समझ नहीं आ रहा है, इसलिये मैं इसका रिप्लाइ नहीं दे पा रही हूँ.
निशा: विक्की जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: पिंकी जी, छैना को छान लीजिये उसमें थोड़ा बूरा और ड्राई फ्रूट मिलाकर खायें बहुत अच्छा लगता है.
निशा: सीमा जी, रसगुल्ले को चाशनी के अन्दर ही डूबे हुये 12- 15 घंटे तक पहले ठंडे होने दीजिये और बाद में चाशनी के अन्दर ही फ्रिज में रखिये, रसगुल्ले थोड़े पहले से सख्त तो लगेंगे, क्यों फ्रिज में जाकर हर चीज ही सख्त हो जाती है, अगर आप उन्हें फ्रिज से निकाल कर गरम करें तो वे फिर से मुलायम हो जायेंगे.
निशा: ईशा जी, चाशनी बनने के बाद 1-2 छोटी चम्मच रोजवाटर चाशनी में मिलाया जा सकता है.
निशा: सपना जी, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: चिंकी जी, 5 मिनिट बाद दूध को फाड़ लीजिये.