मेथी के लड्डू - Methi Laddu Recipe - Fenugreek Seeds Laddu

मेथी के लड्डू एक पारम्परिक रेसीपी है जो मिठाई कम बल्कि औषधीय रूप में अधिक प्रयोग किये जाते हैं. इसका प्रयोग प्रसव के बाद जच्चा को खिलाने के लिये या सर्दियों में होने वाले कमर या जोडों के दर्द की दवा के रूप में किया जाता है.
इस कड़कड़ाती सर्दी में आप अपने घर के बुजुर्ग को मेथी दाना लड्डू बनाकर खिलाईये या घर से दूर रह रहे बुजुर्ग के पास इसे बनाकर भिजवाईये. आपके बुजुर्गों को बहुत खुशी मिलेगी और उन्हें खुश देखकर आप तो निश्चित रूप से खिलखिलायेंगे ही.
Read - Methi Laddu Recipe - Fenugreek Seeds Laddu Recipe In English
आवश्यक सामग्री - Ingredients for Methi Laddu Recipe
- मेथी दाना - 100 ग्राम (1 कप से थोड़ा कम )
- दूध - 1/2 लीटर दूध (2 1/2 कप)
- गेहूं का आटा - 300 ग्राम (2 कप)
- घी - 250 ग्राम (1 1/2 कप)
- गोंद - 100 ग्राम (आधा कप)
- बादाम - 30 - 35
- काली मिर्च - 8-10
- जीरा पाउडर - 2 छोटी चम्मच
- सोंठ पाउडर - 2 छोटी चम्मच
- छोटी इलाइची - 10-12
- दालचीनी - (4 टुकड़े)
- जायफल - (2 जाय फल)
- चीनी या गुड़ - 300 ग्राम(1 1/2 कप गु़ड़ के टुकड़े)
विधि - How to make Methi Laddu
मेथी को अच्छी तरह साफ कीजिये(दाना मेथी को आप धोकर, सूती मोटे कपड़े पर डालकर धूप में सुखा कर प्रयोग में ला सकते हैं या फिर सूती साफ कपड़े से पोंछ कर प्रयोग में ला सकते हैं) साफ की हुई मेथी को मिक्सर से थोड़ी मोटी मोटी आटे जैसी पीस लीजिये. दूध को उबाल लीजिये.
पिसी हुई मेथी दूध में डालकर 8-10 घंटे के लिये भिगो दीजिये.

बादाम छोटा छोटा काट लीजिये. काली मिर्च को हल्का सा(एक मिर्च के 4-5 टुकड़े करते हुये) कूट लीजिये, दाल चीनी और जायफल को बारीक कूट लीजिए, इलाइची को भी को छीलकर कूट लीजिये.
कढाई में आधा कप घी डालकर, भीगी हुई मेथी को धीमी और मध्यम आग पर ह्ल्का ब्राउन होने, अच्छी महक आने तक भूनिये और किसी प्लेट में निकाल कर रख लीजिये.
बचे हुये घी को कढ़ाई में डालकर गरम कीजिये, गोंद तल कर प्लेट में निकाल लीजिये(गोंद एकदम धीमी आग पर तलिये), कढ़ाई में बचे घी में आटा डालकर हल्का ब्राउन होने तक भून कर निकाल लीजिये.
कढ़ाई में एक छोटी चम्मच घी डाल कर, गुड़ के टुकड़े डालिये, धीमी आग पर पिघला कर गुड़ की चाशनी बना लीजिये. गुड़ की चाशनी में, जीरा पाउडर, सोंठ पाउडर, कतरे बादाम, काली मिर्च, दालचीनी, जायफल और इलाइची डालकर अच्छी तरह मिलाइये, अब भुनी मेथी, भुना हुआ आटा, भुना हुआ गोंद डालकर हाथ से मिश्रण को अच्छी तरह मिला लीजिये.

मिश्रण से थोड़ा थोड़ा मिश्रण उठाकर, एक नीबू के आकार के लड्डू बनाकर थाली में लगाइये. सारे लड्डू बनाकर तैयार कर लीजिये. मेथी के लड्डू को 4-5 घंटे तक खूली हवा में ही रहने दीजिये.
मेथी के लड्डू (Methi ke Laddu) तैयार हैं, लड्डूयों को एअर टाइट कन्टेनर में भरकर रख लीजिये और रोजाना सुबह या शाम गरम दूध के साथ एक मेथी का लड्डू खाइये और जोड़ों के दर्द, कमर के दर्द, सर्दी से होने वाले दर्द से बचे रहिये.
सुझाव: मेथी के लड्डू में आप चाहें तो चिरोंजी या पिस्ते मन पसन्द की मेवा मिला सकते हैं.
मेथी के लड्डू आप चीनी से बना रहे हैं तब बारीक पिसी चीनी या बूरा सारी चीजों में मिलाइये और इसी तरह लड्डू बना लीजिये.
कमेंट (144)
नये कमेंट अभी बंद हैं। पुराने सवाल-जवाब नीचे पढ़ सकते हैं।
निशा: इंद्रानी, मैथी को अच्छी तरह भूना जाता है, तब लड्डू कड़वे नहीं होते. लड्डू का कड़वा पन कम करने के लिये, थोड़ा सा आटा लेकर घी में भून लीजिये, उतनी ही चीनी पाउडर मिलाकर लड्डू फिर से बांद लीजिये.
निशा: मारिया, धन्यवाद.
Trying today also hope again she like.....:) credit goes to you mam...
Cre
निशा: श्याम, बहुत बहुत धन्यवाद.
निशा: मारिया, जी हां सफोला ओइल यूज करके भी मेथी के लड्डू बनाये जा सकते हैं.
निशा: श्याम, बहुत धन्यवाद.
निशा: अतुल, धन्यवाद.
निशा: सीमा, बहुत बहुत धन्यवाद, खाने का मजा सर्दियों में ही होता, कचौड़िया और रसगुल्ले कभी भी बनाकर खाइये, बहुत पसन्द आते हैं.
निशा: अवश्य प्रयोग कर सकते हैं लेकिन गैंहू का आटा अधिक अच्छा लगता है,
I wanted to make methi laddoos for after my delivery but always heard people telling me how bitter & not at all tasty they were. Then i read your recipe & i knew that when you say they are tasty.. they must be. So i gave it a try. Needless to say how amzing they were. Yet another great recipe of yours.Even my 3 year old couldnt resist them. I made them once again today & thought how could i forget thanking you ... so long due...many many Thanks to you.
निशा: निमि, मेथी के लड्डू दिये गये तरीके से बनाये जायं तो ये बिलकुल कड़वे नहीं होते, स्वादिष्ट बनते हैं, आप बनाइये और अपने अनुभव बताइये.
निशा: पिया, मैं लिखने की कोशिश करूंगी.
निशा: निधि, हमने मेथी के लड्डू में गेहूँ का आटा प्रयोग में लाया है, आप इसमें बेसन डाल कर इसी तरह बना सकती हैं.
निशा: नियति, हल्दी के लड्डू नहीं बनाये जाते, मेवा के लड्डू में लड्डू में थोड़ी सी हल्दी डाली जाती है.
निशा: विधि, मेथी को दूध में न भिगोये तो मेथी की कड़वाहट रहती है, अगर वे उसे खा सकते हैं तो आप इस तरह भी लड्डू बना सकती हैं, सुगर फ्री चीनी भी मिलाई जा सकती है. गोंद डायविटीज में हानिकारक नहीं है, ये गरमाहट ताकट देने वाला होता है.
निशा: सन्ध्या, जी हां मेथी को दूध में भिगोयें और घी में भूनें भी, नहीं तो मेथी कड़वी लगती है.
निशा: साक्षी, गुड़ को मैल्ट करने के बाद, आग बन्द दीजिये और सारी चीजें गुड़ की चाशनी में मिला दीजिये.
thanks......
mai in baton ka dhayan rakhungi. aur maine aapki bahut sari recipes try ki hain, har chij bahut hi acchi bani hai. abhi maine haldi ka achar banaya hai. lekin dhoop me nahi rakh sakti Qki abhi Qatar doha me barish aa rahi hai.
nisha ji main methi ke laddu banana chahti hoon, aapse ek baat puchni thi kya bina gond ke laddu testy banege? Qki yahan par mujhe gond nahi mila.
nisha ji gents ke liye bhi koi recipe hai jisase unhe energy mile. mere husband ka tower crean ko check karne ka kaam hai to bahut thak jate hai unke hath pair bahut dard karte hai plz koi recipe bataye jisase unki thakan door ho sake aur wo active rahe
thanks a lot...............
निशा: बबली, लड्डू बिना गोंद के भी स्वादिष्ट बनेंगे. घर का ताजा बना खाना, दुध और फल और सूखे मेवे खाने में शामिल करे ये शरीर को दुरुस्त रखते हैं.
thanks
निशा: बबली, पेट के लिये एक्सरसाइज कीजिये और सब्जी में तेल घी कम, चपाती में बिलकुल नहीं, मिठाई बिलकुल नहीं, थोड़ा ध्यान रखें पेट कम होने लगेगा.
निशा: शीतु, मैथी को गरम या ठंडे कैसे भी दूध में भिगोयें लेकिन दूध को एक बार उबाल अवश्य लीजिये, मैथी को अच्छी तरह भूना जाता है, ये लड्डू 1 माह तक रख कर खाये जा सकते हैं, मेथी के लड्डू खाना ठंड के मौसम में फायदे मन्द होते हैं.
.
निशा: वनीता, ये खाने वाला गोंद है, किराना स्टोर या ड्राई फ्रूट की शोप पर आसानी से मिलता है.
निशा: मंजीत, चीनी की 1 तार की चाशनी बनाकर, सारी चीजें मिलाइये और लड्डू बना लीजिये.